चीफ़ एडिटर – अमर नाथ साहू
मण्डल ब्यूरो – रोहित चौरसिया

सावन के पहले सोमवार पर श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन-पूजन और जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं का हुजूम उमड़ा है। शिवभक्तों की भारी भीड़ के बीच समाजवादी पार्टी ने सेवा और सामाजिक समरसता का संदेश देते हुए विशेष सेवा अभियान चलाया।
काशी विश्वनाथ मंदिर मार्ग पर पार्टी की ओर से एक पोस्टर भी लगाया गया, जिस पर लिखा था, ‘जो सनातन है, वही समाजवाद है।’ यह संदेश श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों के बीच चर्चा का विषय बना रहा।
हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई समाज के दिखे स्वयंसेवक
समाजवादी युवा वाहिनी के एससी प्रकोष्ठ के सचिव रजत बाल्मीकि व समाजवादी महिला सभा की राष्ट्रीय सचिव के नेतृत्व में आयोजित सेवा शिविर में विभिन्न धर्मों और समुदायों के लोगों ने बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाई। हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई समाज के स्वयंसेवकों ने एक साथ मिलकर बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया। उन्हें व्रत के अनुकूल फलाहारी लस्सी का प्रसाद वितरित किया।
सेवा शिविर में मौजूद पदाधिकारियों ने कहा कि सावन केवल धार्मिक आस्था का महीना नहीं, बल्कि सेवा, सद्भाव और सामाजिक एकता का भी पर्व है। बाबा विश्वनाथ के दरबार में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु की सेवा करना सौभाग्य है। यही भारतीय संस्कृति की मूल भावना भी है। उन्होंने कहा कि समाजवादी विचारधारा सभी धर्मों और वर्गों का सम्मान करते हुए सामाजिक समरसता, भाईचारे और समानता के सिद्धांत पर चलने की प्रेरणा देती है।
श्रद्धालुओं को लस्सी पिला रहे
समाजवादी युवा वाहिनी के एससी प्रकोष्ठ के सचिव रजत बाल्मीकि ने कहा कि समाज को मजबूत बनाने का सबसे प्रभावी माध्यम सेवा और मानवता है। यदि विभिन्न समुदायों के लोग मिलकर समाजहित में कार्य करें तो सामाजिक सौहार्द और आपसी विश्वास और अधिक मजबूत होगा।
समाजवादी महिला सभा की राष्ट्रीय सचिव ने कहा कि सावन के पावन अवसर पर आयोजित यह सेवा अभियान केवल प्रसाद वितरण तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज में प्रेम, सहयोग और सौहार्द का संदेश देने का प्रयास भी है। उन्होंने बताया कि श्रद्धालुओं को वितरित की जा रही लस्सी पूरी तरह फलाहारी है, ताकि व्रत रखने वाले शिवभक्त बिना किसी संकोच के प्रसाद ग्रहण कर सकें।



