चीफ एडिटर – अमर नाथ साहू
मण्डल ब्यूरो – रोहित गुप्ता

यूपी कांग्रेस के प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम को लेकर सोशल मीडिया पर एक कथित ईमेल वायरल हो रहा है। इसमें आरोप लगाया गया है कि उनके लोग विधानसभा चुनाव में टिकट दिलाने के नाम पर दावेदारों से पैसे मांग रहे हैं। ईमेल में विनय गौतम और सोनू गौतम का नाम लेते हुए यूपी कांग्रेस में वसूली नेटवर्क चलने का दावा किया गया है। साथ ही, राजेंद्र पाल गौतम की भूमिका पर भी सवाल उठाए गए हैं।
ये ईमेल ‘राव साहब’ नाम की मेल आईडी से शीर्ष नेतृत्व को भेजे जानें का दावा हो रहा है। लिखा है-प्रभारी के कार्यालय से जुड़े दो लोग खुद को राजेंद्र पाल का पीए और रिश्तेदार बताते हैं। पिछले तीन महीनों से पूरे प्रदेश में वसूली का रैकेट चला रहे हैं।

ईमेल लिखने वाले ने आरोप लगाया है कि विनय गौतम और सोनू गौतम नाम प्रदेश में पार्टी पद, संगठन की बैठकों और विधानसभा टिकट दिलाने के नाम पर पैसे मांग रहे हैं। शुरुआत में लोगों से UPI आईडी के जरिए रकम मंगवाई जाती है। बाद में नकद रकम ली जाती है।
कुछ नेताओं से UPI के जरिए भुगतान कराने और बाद में नकद रकम लेने का भी दावा किया गया है। ईमेल में कुछ मोबाइल नंबर और UPI आईडी का जिक्र करते हुए आरोपों की जांच कराने की मांग की गई है।
फिलहाल, इस नए वायरल ईमेल में लगाए गए व्यक्तिगत आरोपों पर राजेंद्र पाल गौतम या कांग्रेस के केंद्रीय नेतृत्व की तरफ से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। ये रिपोर्ट पढ़िए…
सीटों और प्रॉपर्टी की सौदेबाजी के दावे भी हो रहे
ईमेल भेजने वाले का दावा है कि उन्होंने सच्चाई परखने के लिए एक व्यक्ति के जरिए UPI से पेमेंट कराया। बाद में पद मिलने पर 10 लाख रुपए की डिमांड की गई। ईमेल में दावा किया गया है कि संबंधित नंबरों की टावर लोकेशन दिल्ली के 24 अकबर रोड, इंदिरा भवन, फिरोजशाह रोड, हंसराज कॉलेज, सीमापुरी और लखनऊ के कुछ इलाकों में मिली है।
दूसरे ईमेल में आरोपों को और गंभीर बनाते हुए दावा किया गया है कि ‘मिशन जय भीम’ से जुड़े अजीत आर्य और मेजर शेखर भी इन गतिविधियों में शामिल हैं।
वायरल ईमेल में कुछ विशिष्ट मामलों का भी जिक्र किया गया है-
उतरौला सीटः आरोप है कि उतरौला विधानसभा सीट के दावेदार हसीब खान नाम के व्यक्ति से 50 लाख रुपए एडवांस के रूप में लिए गए। टिकट पक्का होने के बाद 2 करोड़ रुपये देने की डील हुई।
गोमती नगर आवास का सौदाः ईमेल में यह भी दावा किया गया है कि बीकेटी (बख्शी का तालाब) सीट के बदले लखनऊ के गोमती नगर स्थित एक आवास को ट्रांसफर कराने की बात चल रही है।
राजेंद्र पाल गौतम ने खुद जारी की थी चेतावनी
ईमेल वायरल होने से कुछ दिन पहले, 20 अक्टूबर को उत्तर प्रदेश कांग्रेस प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने खुद अपने सोशल मीडिया हैंडल से एक वीडियो संदेश जारी कर कार्यकर्ताओं को सतर्क किया था।
गौतम ने बताया था कि कुछ ठग AICC (अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी) का प्रतिनिधि बनकर संभावित प्रत्याशियों को फोन कर रहे हैं और टिकट का झांसा देकर पैसों की मांग कर रहे हैं। उन्होंने एक घटना का जिक्र करते हुए कहा था कि किसी दावेदार से 76,000 रुपये मांगे गए और एक बारकोड भेजा गया।
तब गौतम ने कहा था-
” कांग्रेस पार्टी टिकट या पद देने के लिए किसी भी कार्यकर्ता या दावेदार से कोई पैसा नहीं मांगती। अगर कोई भी व्यक्ति मेरे या पार्टी के नाम पर पैसे की मांग करता है, तो वह सरासर ठग है। ऐसे फोन कॉल से सावधान रहें और तुरंत इसकी शिकायत दर्ज कराएं। “
राजेंद्र पाल गौतम को यूपी प्रभारी से हटाने की मांग
वायरल ईमेल में पार्टी नेतृत्व से राजेंद्र पाल गौतम को तत्काल प्रभाव से यूपी प्रभारी पद से हटाने की मांग की गई है। पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने के लिए कहा गया है। ईमेल में राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, केसी वेणुगोपाल और पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेताओं को टैग किया गया है।
ईमेल में चेतावनी दी गई है कि अगर समय रहते इस तरह की गतिविधियों पर रोक नहीं लगाई गई, तो इससे पार्टी की साख को भारी नुकसान पहुंचेगा।



