चीफ एडिटर – अमर नाथ साहू
रिपोर्ट – अभिषेक सोनकर

वाराणसी में शहर में अर्नब तूफान का असर दिखाई देने लगा है। गुरुवार सुबह से आसमान में बादल छाए हैं और रुक-रुककर हल्की बारिश हो रही है। इससे तापमान में गिरावट दर्ज की गई। शहर में तापमान 24 डिग्री सेल्सियस और हवा की रफ्तार 16 किलोमीटर प्रति घंटे रही। मौसम वैज्ञानिक मनोज श्रीवास्तव के मुताबिक, अगले 48 घंटे तक बादलों की आवाजाही के साथ बारिश का दौर जारी रह सकता है।
मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए जिला प्रशासन ने 29 और 30 अक्टूबर को संभावित भारी बारिश, गरज-चमक और आंधी-तूफान को लेकर लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। प्रशासन ने चेताया है कि खराब मौसम में तेज हवाओं, आकाशीय बिजली, जलभराव और पेड़ या बिजली के खंभे गिरने का खतरा बढ़ सकता है।
कमजोर मकानों में रहने वाले परिवार रहें सतर्क
प्रशासन ने कमजोर दीवारों, क्षतिग्रस्त छतों, कच्चे मकानों और अस्थायी टिनशेड में रहने वाले परिवारों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। मौसम बिगड़ने से पहले ऐसे परिवारों से सुरक्षित और मजबूत भवन में जाने की अपील की गई है। बच्चों, बुजुर्गों, दिव्यांगजनों और बीमार लोगों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देने को कहा गया है।
आंधी में पेड़, खंभे और होर्डिंग से दूर रहें
जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि तेज हवा चलने और बिजली कड़कने के दौरान घरों के अंदर रहें। पेड़ों, बिजली के खंभों, होर्डिंग्स और कमजोर दीवारों के पास खड़े न हों। खुले मैदान, खेत, छत और नदी-तालाब के आसपास जाने से बचें। बारिश के दौरान जलभराव वाले रास्तों, नालों और अंडरपास को पार करने का जोखिम न उठाएं। प्रशासन ने लोगों से मौसम की स्थिति पर नजर रखने और सतर्कता बरतने की अपील की है।
किसानों और नाविकों को भी सलाह
प्रशासन ने किसानों से कटी फसल और कृषि उपज को सुरक्षित रखने के इंतजाम करने को कहा है। आंधी और बिजली चमकने के दौरान खेतों में काम करने से बचने की सलाह दी गई है। पशुपालकों से पशुओं के लिए सुरक्षित आश्रय की व्यवस्था करने और नाविकों से मौसम खराब रहने पर नदी में अनावश्यक गतिविधियों से बचने की अपील की गई है।




