चीफ़ एडिटर – अमर नाथ साहू
ब्यूरो चीफ़ – प्रदीप साह

श्रीकाशी विश्वनाथ धाम में विराजमान अक्षयवट हनुमान जी का सावन के दूसरे शनिवार को विशेष श्रृंगार किया गया। भगवान को 5100 रुद्राक्ष के दानों से सजाया गया। सुबह 4 बजे मंगला आरती से पहले विधि-विधान से स्नान, सिंदूर और तेल का लेपन किया गया।
इसके बाद नए वस्त्र पहनाकर रुद्राक्ष की लंबी माला और फूलों से श्रृंगार किया गया। आरती के बाद कपाट खुलते ही दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी।
पहले स्नान, फिर तेल का लेपन
मंगला आरती से पहले पुजारी राजू पांडेय ने भगवान हनुमान का विधिवत स्नान कराया। इसके बाद सिंदूर और तेल का लेपन किया गया। भगवान को नए वस्त्र पहनाए गए और रुद्राक्ष की माला धारण कराई गई।
5100 रुद्राक्ष से किया श्रृंगार
विशेष श्रृंगार में भगवान हनुमान को 5100 रुद्राक्ष के दानों से तैयार माला पहनाई गई। इसके साथ ही सुगंधित फूलों से भी भगवान का श्रृंगार किया गया। रुद्राक्ष से सजे भगवान के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं में खास उत्साह रहा।
आरती के बाद खुले कपाट, उमड़ी भीड़
महंत नील कुमार मिश्रा ने आरती के बाद मंदिर के कपाट खोले। कपाट खुलते ही दर्शन के लिए भक्तों की कतार लग गई। सुबह से देर रात तक श्रद्धालु दर्शन और पूजन के लिए पहुंचते रहे।
प्रसाद के लिए कतार लगी
दर्शन के बाद श्रद्धालुओं में प्रसाद लेने को लेकर भी उत्साह रहा। मंदिर परिसर में पूरे दिन भक्ति का माहौल बना रहा।



