चीफ़ एडिटर – अमर नाथ साहू
ब्यूरो – राकेश सदेजा

वाराणसी के लालपुर थाना क्षेत्र में गुरुवार एक मकान में पुलिस ने छापेमारी कर सेक्स रैकेट पकड़ाया। एनजीओ की सूचना पर एसीपी कैंट की टीम ने अधिवक्ता ममता सिंह के आवास पर छापा मारा। पुलिस कार्रवाई से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
मकान के अंदर दो युवतियों के साथ अलग-अलग दो कमरों में ग्राहक रुके हुए थे। पुलिस ने मेन गेट को बंद करने के बाद दोनों कमरों के बाहर कब्जा जमाकर दरवाजा खटखटाया। आनन फानन दोनों कमरे खुलवाए तो सभी आपत्तिजनक हालत में मिले।
पुलिस को देखकर युवतियां और ग्राहक ने भागने की कोशिश की लेकिन महिला सिपाहियों ने सभी को दबोच लिया। पुलिस ने 2 ग्राहक युवकों के साथ 2 युवतियों को दबोचा लिया। इसमें एक युवती और दूसरी किशोरी को भी हिरासत में ले लिया। कार्रवाई के बावजूद लालपुर इंस्पेक्टर और दरोगा घंटे तक नहीं पहुंचे।
एसीपी ने ग्राहक बनाकर भेजा सिपाही
एसीपी कैंट अपूर्व पांडे ने बताया कि एनजीओ और स्थानीय लोगों की सूचना के बाद एक पुलिसकर्मी को ग्राहक बनाकर भेजा पुलिसकर्मी से 5000 की मांग की गई। इसके बाद 2000 रुपए में बात तय हुई, जिसके बाद सादे कपड़ों में टीम लगाई गई।
सूचना सही मिलने पर पुलिस कर्मी ने एसीपी करंट को पूरा घटनाक्रम बताया। एसीपी एक महिला दरोगा की टीम लेकर मौके पर पहुंचे। दो लड़कियां जिसमें से एक नाबालिग और दोनों ग्राहकों को हिरासत में ले लिया। उनके कमरे से आपत्तिजनक वस्तुएं पुलिस ने बरामद की।
मकान में पाल रखे गए हैं दर्जनों कुत्ते
थाना लालपुर को इस छापेमारी की सूचना नहीं मिली, छापेमारी के बाद चौकी इंचार्ज पांडेपुर पहुंचे लेकिन इंस्पेक्टर एक घंटे तक नहीं पहुंच पाए। एसीपी ने फोन कर उनसे लोकेशन भी पूछी। इसके बाद फोरेंसिक टीम भी बुलाई।
युवती ने बताया गया कि यह मकान अधिवक्ता ममता सिंह का है और उसे घरेलू काम के लिए बुलाया गया फिर वैश्यावृत्ति में झोंक दिया गया। मुहल्ले के लोगों ने बताया कि मकान में लंबे समय से गंदे काम हो रहे थे।
पूरा इलाका इससे परेशान था, लालपुर पुलिस को सूचना दी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद एनजीओ के जरिए अपनी बात शासन तक पहुंचाई। फ्रीडम फर्म नामक एनजीओ के रेमिल जॉन ने नई बस्ती में सेक्स रैकेट की सूचना पुलिस को दी थी।
किसी को मकान के अंदर जाने की अनुमति नहीं है, महिला ने अंदर एक दर्जन से अधिक अंदर कुत्ते भी रख रखे हैं। छापेमारी के दौरान युवतियां आपत्तिजनक हालत में पाई गईं। नकदी और आपत्तिजनक सामग्री को पुलिस ने जब्त कर लिया। पुलिस अधिवक्ता से संवाद के साथ ही मामले की जांच में जुटी है।




